थारु महिला हुक्रनसे २२ बिघा क्षेत्रफलमे आलु खेती
धनगढी, २९ अगहन । कैलारी गाउँपालिका–७, छटकपुर बसन्ताके स्थानीय महिलाहुक्रे २२ बिघा क्षेत्रफलमे सामूहिक आलुखेती करले बाटै ।
परम्परागत आलु खेती करटी आइल गाउँक स्थानीय महिला यी साल आधुनिक तरीकासे आलु खेती करल हुइट । साना तथा मझौला कृषक आयस्तर वृद्धि आयोजनाके आर्थिक सहयोगमे सञ्चालित आलु उत्पादन तथा प्रविधि विकास उपआयोजना अन्र्तगत बसन्ता कृषक समूहके महिलाहुक्रे आधुनिक तरीकासे आलु खेती करल हुइट ।
बसन्ता कृषक समूहके अध्यक्ष पवित्री चौधरी १४।८३ हेक्टरमे आधुनिक तरीकासे आलु खेती करल बटैली । आधुनिक तरीकासे खेती करल महिलाहुक्रे यी साल आलुके उत्पादन फेन अन्य बरसके तुलनामे बह्रना विश्वास लेले बाटै । समूहके अध्यक्ष चौधरी यी साल आलुके उत्पादन बह्रना विश्वास व्यक्त करली । परम्परागत आलुखेतीसे प्रति कठ्ठा ३ से ४ कुन्टल आलु उत्पादन करटी आइल महिलाहुक्रे यी साल प्रति कठ्ठा ६ कुन्टलसम उत्पादन कैना लक्ष्य लेहल बाटै ।
‘यिहेसे पहिले परम्परागत आलु खेतीमे प्रति कठ्ठा ३ से ४ कुन्टल आलु उत्पादन करटी आइल बाटी,’ अध्यक्ष चौधरी कहली–‘यी साल आधुनिक तरिका अप्नैले बाटी प्रति कठ्ठा ६ कुन्टलसम आलु उत्पादन कैना लक्ष्य रहल बा ।’
अन्य साल इन्डियन साठा आलु खेती करटी आइल मने यी साल टीपिएस, कार्डिनल लगायत हाइब्रिड जातके आलु खेती करल ओरसे फेन उत्पादन बह्रना अध्यक्ष चौधरीके विश्वास रहल बा । महिलाहुक्रे तीन बिघा जत्रा क्षेत्रफलमे थारु आलु बाँकी हाईब्रिड आलु खेती करल जनाइल बा ।

यहोर उपआयोजनाके फेन आलु बालीके क्षेत्रफल तथा उत्पादन वृद्धि कैके कृषकहुक्रनके आम्दानी वृद्धि मार्फत जीवन स्तरमे सुधार लन्ना लक्ष्य तथा उद्देश्य रहल बाटिस ।
मने आलु ढिउर उत्पादन हुइना हुइलपाछे समूहके सदस्यहुक्रे आलु सहेरना समस्या हुइना कहटी चिन्तित् बनल बाटै । अन्य साल आपन घरपरिवारके लाग सिमित मात्रामे उत्पादन करटी आइल समूहके सदस्यहुक्रे यी साल सामूहिक ओ व्यवसायीक आलु खेती करलपाछे उत्पादन हुइल आलु सहेरना समस्या हुइना कहटी चिन्तित् बनल हुइट । समुहके सदस्य रामदिन चौधरी उत्पादन हुइल आलु विक्रि वितरण तथा भण्डारणमे समस्या हुइना बटैलै ।
‘व्यवसायिक आलु खेती टे करली मने उत्पादन हुइल आलु भण्डारण कैना समस्या बावै, सदस्य चौधरी कहलै–‘सहेरे नाइ सेक्लेसे उत्पादन हुइल आलु ओस्टहे सडगलके घाटा लग्ना अवस्गा बावै ।’ समयमे विक्रि वितरण तथा भण्डारण करे नाइ सेक्लेसे उहाँहुक्रनके आलु विगरके ओस्टहे खेर जैना डर रहल बा । सदस्य चौधरी आघे थप्लै, ‘लग्गे कोल्ड स्टोर रलेसे भण्डारण करल आलु अफ सिजनमे मागल मोल विक्री करटी ।’
समुहके ३१ लाख ८४ हजार ७६८ रुप्या बराबर लगानीमे हुइटी रहल आलु खेतीके लाग साना तथा मझौला कृषक आयस्तर वृद्धि आयोजनाके ओरसे आलुके विया, लगायतके मेशिनरी औजार उपकरण सामाग्री खरिद, समूह व्यवस्थापन तालिमके लाग १५ लाख १७ हजार ८८१ रुप्या आर्थिक सहयोग रहल बा । कलेसे १६ लाख ६६ हजार ८८७ रुप्या समुहके साझेदारी रहल जनाईल बा । उप आयोजना अन्र्तगतके आलु खेतीसे २५ घर लाभान्वित हुइना हुइल बाटै । समुहमे एक पुरुष बाहेक सक्कु महिला सदस्य रहल बाटै ।













