लक्ष्मण थारुके प्रश्नः अन्यायके विरुद्धमे बोल्लेसे फोकटमे झुठ्ठा मुद्धा काहे लगागिल ?

थरुहट नेता लक्ष्मण थारु कैलाली निर्वाचन क्षेत्र नम्बर ५ से प्रतिनिधि सभा सदस्यके लाग राष्ट्रिय जनता पार्टीके उम्मेदवार हुइट । करिब दुई बरससे टीकापुर घटना घटाइल आरोपमे पुर्पक्षके लाग कैलाली कारागारमे बन्दी जीवन बिटैटी आइल नेता थारुसे चुनावी गतिविधिवारे करल बातचितके संक्षिप्त अंशः

जेल भिट्टरसे अप्नेक् उम्मेदवारी काहे ?

वास्तवमे थरुहट आन्दोलनके बेला सरकार संग हुइल ६ बुँदे सहमति कार्यान्वयन करैना महत्वपूर्ण सवाल बा । चुनाव फेन आन्दोलनके एक ठो रुप हो । थारु, आदिवासी, मधेसी, मुस्लिम, दलित, सुदूर पश्चिमके जायज मागके संवैधानिक ओ कानूनी रुपमे ग्यारेन्टी करेक लाग मै उम्मेदवारी डेले बाटु ।

अप्ने झुठ्ठा मुद्धामे महिन जेलबन्दी बनागिल कठी, यकर आधार का बा ?

यकर बहुट आधार बा मोर लगे । टीकापुर घटना एकदमे दुखद घटना हो, मने यी घटनामे मोर कौनो संलग्नता नैहो । घटना घट्लेक दिनसे करिब ढिउर दिनसे मै जिल्ला वाहेर रहु । आन्दोलनके नेतृत्व करल भरमे जेलमे कोचगिल बा । थरुहट आन्दोलनमे कौन पाटीके कौन नेताके सहभागिता नैरहे ? सबके सहभागिता रहे । मै निर्दोष बाटु । अन्यायके विरुद्ध बोलल कारण फोकटमे वनावटी झुठ्ठा मुद्धा लगागिल बा । मोर विचारहे कैद कर्ना खोजगिल बा । नेपालके राजनीतिक इतिहासके पन्ना पल्टैलेसे हुई । के कत्रा पानीमे बा, कना आधार मोर लगे बा ।

अप्नेक जिट्न आधार का हो ?

मोर लाग अत्याधिक मतसे जित्न आधार बनल बा । जिटम फेन । हजारौं जनता स्वफुर्ट प्रचारप्रसारमे सहभागी बाटै । जेलमे मै ढुक्क बाटु । जनताहुकनके सहयोग देखके । सुनके । अब्बाके अवस्थामे आमजनता सचेत ओ सकारात्मक सोचके साथ भोट डेहि कनामे मै विश्वास्त बाटु । मने पैसा ओ झुठा आश्वासनके भरमे कदापी चुनाव जिटे नैसेकजिनामे पैसावालहुक्रे हेक्का राख्न चाही । साथे यहाँ चुनाव जिट्न, मने आपन छाईछावाहुकन विदेशमे पहैू्रना, काठमाडौंमे अलिसान घर बनैनाहुकन जनताहुक्रे कौनो हालतमे भोट नैडिही । देश बेच्न धन्दा कर्ना, थारु, दलित ओ श्रमजीवी जनताहुकन सद्द दास सम्झना पार्टीके नेताहुकन कदापी भोट नै डिही कनामे फेन मै ढुकक बाटु ।

अप्नेक विकासके एजेण्डा का–का हो ?

अब्बाके अवस्थामे मै जीतके बहुट लग्गे बाटु । चुनाव जिट्लेसे राज्यके साधन स्रोतके न्यायोचित व्यवस्थापन कर्ना मोर प्राथामिकताके एजेण्डा हो । यी क्षेत्रके अवश्यकता, खाँचोहे हेरके, यहाँके विकास निर्माण करम । यहाँके कृषि, पर्यटन, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगारी, विद्युतलगायतहे प्राथमिकता डेम । साथे धनगढीहे प्रदेश नम्बर ७ के राजधानी बनैना मोर एजेण्डा हो । अत्राहि किल नाई होके, विकास सम्पन्नता, संगे सक्कुहनके सम्मान ओ पहिचान स्थपित कर्ना मोर लक्ष्य हो । समग्रमे सुन्दर, सम्पन्न ओ शान्त देश बनैना हो ।

औरौनीमे कुछ कहना चाहवी ?

यहाँके राजनीतिक दल ओ उम्मेदवारहुकन आम सचेत जनता बहुट मजासे हेरसेक्ले बाटै । कौन राजनीतिक दल जनताहुकन कत्रा आश्वासन डेके ठग्ले बा । सब हेर सेक्ले बाटै । यी देशमे सचेत नेपाली बाटै कलेसे, विधिके शासन बा कलेसे, हम्रहिन काहे अन्याय करगिल बा ? राज्य अभिनसम हमारमे लागल मुद्धाके सत्यतथ्य अवस्था काहे सार्वजनिक नैकरल ? आन्दोलनमे सहभागी हुइले कारण जेल जाइ परठ कलेसे यी कसिन लोकतान्त्रिक, गणतान्त्रिक मुलुक हो ? यहाँके न्यायप्रेमी जनताहुकन पता बा, जनयुद्धके बेला १७ हजारसे ढिउर आमजनता प्राणके आहुती डेलै । ओकर प्रमुख जिम्मेवार अब्बाके प्रधानमन्त्री शेरबहादुर देउवा हो । माओवादी केन्द्रके अध्यक्ष प्रचण्ड हो, एमाले अध्यक्ष केपी ओली हो । यकर जवाफ का हो ? थरुहट आन्दोलन राजनीतिक अधिकारके लडाई हो । जौनक्रममे टीकापुर घटना राज्यके असावधानीसे घटाइल घटना हो । आन्दोलनकारी ओ राज्यके निकायबीच हुइल दुखद घटना हो । यी कौनो थारु पहाडीबीचके लडाई नैहो । यकर निश्पक्ष छानविन हुइना जरुरी बा ।